भोपाल। बरकतउल्ला विश्वविद्यालय ने पीएम उषा परियोजना के अंतर्गत "एक्सीलरेशन, स्किल एंड इनोवेशन" विषय पर एक दो दिवसीय कार्यशाला का सफलतापूर्वक आयोजन किया। यह कार्यशाला इनक्यूबेशन सेंटर, प्लेसमेंट सेल और कॉमर्स विभाग द्वारा संयुक्त रूप से आयोजित की गई। कार्यशाला में छात्रों को उनके स्टार्टअप और स्किल डेवलपमेंट के लिए महत्वपूर्ण जानकारियां और मार्गदर्शन प्रदान किया गया।
कार्यशाला का उद्देश्य छात्रों को उद्यमिता, नवाचार और कौशल विकास के लिए आवश्यक ज्ञान प्रदान करना था। प्रारंभिक सत्र में आईईसी टेक्नोलॉजी बिजनेस इनक्यूबेटर, आईसर भोपाल के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) डॉ. फिरोज खान सूरी ने अपने व्याख्यान के माध्यम से छात्रों को इनोवेशन और स्किल्स के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने छात्रों को बताया कि कैसे एक सफल स्टार्टअप की शुरुआत की जा सकती है और किस प्रकार से नवीन विचारों का व्यावसायिकरण किया जा सकता है।
बरकतउल्ला विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. एसके जैन इस कार्यक्रम के विशेष अतिथि थे। अपने संबोधन में उन्होंने स्टार्टअप और प्लेसमेंट के महत्व पर जोर दिया। उन्होंने छात्रों को वर्तमान प्रतिस्पर्धात्मक युग में आवश्यक स्किल्स विकसित करने के लिए प्रेरित किया और बताया कि कैसे एक सही दिशा में काम करके वे अपने करियर में सफलता प्राप्त कर सकते हैं।
पीएम उषा परियोजना के नोडल ऑफिसर प्रो. विपिन व्यास ने इस परियोजना के अंतर्गत किए जाने वाले कार्यक्रमों की रूपरेखा और संरचना से छात्रों को परिचित कराया। उन्होंने बताया कि इस प्रकार की कार्यशालाएं छात्रों के करियर और कौशल विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। उन्होंने छात्रों को प्रधानमंत्री उषा परियोजना के अंतर्गत विभिन्न अवसरों का लाभ उठाने के लिए प्रोत्साहित किया।
कार्यशाला का स्वागत भाषण प्रोफेसर अंशुजा तिवारी द्वारा दिया गया, जबकि कार्यक्रम का संचालन डॉ. आरके गर्ग ने किया। धन्यवाद ज्ञापन डॉ. रूपाली शेवलकर द्वारा प्रस्तुत किया गया। कार्यशाला के तीसरे सत्र में विशेष आमंत्रित विशेषज्ञ डॉ. फिरोज खान सूरी ने छात्रों के साथ इन्नोवेशन और स्किल्स के बारे में चर्चा की और उन्हें विस्तृत रूप से मार्गदर्शन प्रदान किया।
इस कार्यशाला में विश्वविद्यालय के विभिन्न विभागों के अध्यक्ष और शिक्षक भी उपस्थित थे। छात्रों की भारी भागीदारी रही, जिसमें लगभग 100 छात्रों ने पंजीकरण कराया। कार्यशाला में छात्रों ने उत्साहपूर्वक हिस्सा लिया और इसे एक सफल आयोजन बनाने में अपना योगदान दिया।
इसी दौरान बरकतउल्ला विश्वविद्यालय के मनोविज्ञान विभाग में मानसिक स्वास्थ्य दिवस के अवसर पर एक विशेष कार्यक्रम का भी आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का विषय "मानसिक स्वास्थ्य एवं कार्यस्थल" था। कार्यक्रम का उद्घाटन कुलपति प्रो. एसके जैन द्वारा दीप प्रज्वलन के साथ किया गया। अपने उद्बोधन में उन्होंने मानसिक स्वास्थ्य के महत्व और सकारात्मक विचारधारा की उपयोगिता पर चर्चा की।
कार्यक्रम के संयोजक मनोविज्ञान विभाग के इंचार्ज डॉ. अच्छे लाल थे और आयोजन का संचालन डॉ. रचना दवे द्वारा किया गया। कार्यक्रम के मुख्य वक्ता ऐम्स भोपाल के मनोचिकित्सा विभाग के प्रोफेसर और हेड, डॉ. विजेंदर जैन थे, जिन्होंने मानसिक स्वास्थ्य और कार्यस्थल पर विस्तृत जानकारी प्रदान की।
कार्यक्रम के दौरान छात्रों के बीच पोस्टर प्रतियोगिता और ओपन माइक प्रतियोगिता का भी आयोजन किया गया, जिसमें छात्रों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। सर्वश्रेष्ठ एंट्री को पुरस्कृत किया गया। इसके साथ ही छात्रों ने मानसिक स्वास्थ्य विषय पर एक नुक्कड़ नाटक प्रस्तुत किया, जिसे उपस्थित सभी ने सराहा।
कार्यक्रम में 60-65 छात्रों और शिक्षकों ने भाग लिया, जिससे यह आयोजन सफल और यादगार बन गया। इस प्रकार, बरकतउल्ला विश्वविद्यालय में इन आयोजनों ने न केवल छात्रों को प्रोत्साहित किया, बल्कि उन्हें मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य के महत्व को समझने का भी अवसर प्रदान किया।
छात्रों को दी महत्वपूर्ण जानकारियां
कार्यशाला और मानसिक स्वास्थ्य दिवस के यह आयोजन छात्रों के लिए शिक्षा, कौशल विकास और मानसिक स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता फैलाने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम साबित हुआ। विश्वविद्यालय के प्रयासों ने छात्रों को स्टार्टअप, स्किल डेवलपमेंट और मानसिक स्वास्थ्य से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारियों से अवगत कराया।
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